80वें स्वतंत्रता दिवस पर सीएम योगी का संदेश: अंतिम पंक्ति के व्यक्ति को अधिकार और सम्मान दिलाना ही सच्ची आजादी
लखनऊ देश के 80वें स्वतंत्रता दिवस के पावन अवसर पर उत्तर प्रदेश में देशभक्ति और उत्साह का माहौल रहा। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने ध्वजारोहण कर प्रदेशवासियों और देशवासियों को स्वतंत्रता दिवस की हार्दिक बधाई एवं शुभकामनाएं दीं। इस अवसर पर उन्होंने स्वतंत्रता संग्राम के अमर बलिदानियों को नमन करते हुए राष्ट्र निर्माण में सभी की भागीदारी का आह्वान किया।मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में देश तेजी से विकास की ओर बढ़ रहा है। आज प्रत्येक क्षेत्र में विकास और परिवर्तन दिखाई दे रहा है। उन्होंने कहा कि देश को आगे बढ़ाने के लिए सभी लोगों को साथ मिलकर चलना होगा। वीर बलिदानियों ने अपने प्राणों की आहुति देकर देश को आजादी दिलाई। उत्तर प्रदेश की धरती से ही स्वतंत्रता आंदोलन का बिगुल बजा था और उत्तर प्रदेश के योगदान के बिना देश की आजादी की लड़ाई अधूरी थी।मुख्यमंत्री ने कहा कि आजादी का वास्तविक अर्थ तभी है, जब समाज की अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति को उसका अधिकार और सम्मान मिले। इसी सोच के साथ प्रदेश सरकार गरीब, किसान, महिला, युवा और वंचित वर्गों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने का कार्य कर रही है। उन्होंने कहा कि अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति को उसका अधिकार दिलाना ही अंत्योदय है और गरीब के लिए यही स्वाधीनता का वास्तविक अर्थ है।मुख्यमंत्री ने शिक्षा व्यवस्था में किए गए कार्यों का उल्लेख करते हुए कहा कि ऑपरेशन कायाकल्प के माध्यम से प्रदेश के प्राथमिक विद्यालयों में 19 मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई गई हैं। इसके परिणामस्वरूप स्कूल ड्रॉपआउट रेट में उल्लेखनीय कमी आई है और यह करीब 20 प्रतिशत से घटकर लगभग 3 प्रतिशत रह गया है।उन्होंने शिक्षकों को राष्ट्र निर्माण की पहली पंक्ति का योद्धा बताते हुए कहा कि शिक्षकों और उनके परिजनों के कैशलेस इलाज की व्यवस्था भी की गई है। सरकार का प्रयास है कि शिक्षा के साथ-साथ शिक्षकों के हितों का भी ध्यान रखा जाए।मुख्यमंत्री ने कहा कि डायरेक्ट बेनिफिट ट्रांसफर (DBT) के माध्यम से सरकारी योजनाओं का लाभ सीधे पात्र लोगों के बैंक खातों में पहुंचाया जा रहा है। उन्होंने बताया कि प्रदेश में 65 लाख से अधिक लोगों को आवास उपलब्ध कराए गए हैं, जबकि तीन करोड़ से अधिक लोगों को शौचालय की सुविधा मिली है। करीब 16 करोड़ लोगों को निशुल्क खाद्यान्न उपलब्ध कराया जा रहा है।उन्होंने कहा कि विभिन्न जनजातीय समुदायों को भी सरकारी योजनाओं और सुविधाओं से जोड़ने का काम किया जा रहा है। प्रदेश की 57,600 ग्राम पंचायतों को ग्राम सचिवालय से जोड़ा जा चुका है।महिला सशक्तिकरण का उल्लेख करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि गरीब परिवारों की महिलाएं और बेटियां स्वरोजगार से जुड़ रही हैं। ड्रोन तकनीक के माध्यम से खेती को आसान बनाने में भी महिलाओं की भागीदारी बढ़ रही है। उन्होंने कहा कि प्रदेश की नारी शक्ति विकास की प्रक्रिया में महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही है।मुख्यमंत्री ने कहा कि बेटी पढ़ाओ, बेटी बचाओ अभियान को नई गति मिली है। पंचायतों और पुलिस व्यवस्था में महिलाओं की भागीदारी भी लगातार बढ़ रही है। सरकार महिलाओं और बेटियों को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में लगातार काम कर रही है।मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि किसान का सम्मान देश के अन्न का सम्मान है। सरकार विभिन्न योजनाओं के माध्यम से किसानों को लाभ पहुंचा रही है और उन्हें बिचौलियों से राहत दिलाने की दिशा में काम किया गया है।युवाओं को उत्तर प्रदेश की सबसे बड़ी ताकत बताते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश का युवा प्रतिभाशाली और मेहनती है। सरकार ने नकल माफिया के खिलाफ कड़ी कार्रवाई की है। उन्होंने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI), मशीन लर्निंग और आधुनिक तकनीक के अन्य क्षेत्रों में युवाओं के लिए रोजगार के नए अवसर खुल रहे हैं।मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रदेश सरकार जल्द ही नई यूथ पॉलिसी लेकर आने जा रही है। इसके माध्यम से युवाओं को स्किल, इनोवेशन और आधुनिक तकनीक से जुड़ी नई सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएंगी।मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ऐसा उत्तर प्रदेश बनाने की दिशा में काम कर रही है, जहां प्रदेश की गौरवशाली विरासत के साथ भविष्य की तकनीक का भी समावेश हो। प्रमुख धार्मिक स्थलों और ऐतिहासिक विरासतों के संरक्षण का काम आगे बढ़ाया जा रहा है।स्वतंत्रता दिवस के अवसर पर मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स के माध्यम से भी देशवासियों को शुभकामनाएं दीं। उन्होंने स्वाधीनता संग्राम के अमर बलिदानियों को नमन करते हुए ‘राष्ट्र प्रथम’ की भावना को आत्मसात करने का आह्वान किया।मुख्यमंत्री ने कहा कि स्वतंत्रता का यह पावन पर्व मां भारती के गौरव, अमर बलिदानियों के त्याग और राष्ट्र के स्वाभिमान का प्रतीक है। मातृभूमि की रक्षा के लिए अपना सर्वस्व समर्पित करने वाले सभी ज्ञात-अज्ञात वीरों को उन्होंने कोटि-कोटि नमन किया।उन्होंने देशवासियों से अमर बलिदानियों के त्याग और समर्पण से प्रेरणा लेकर कर्तव्यनिष्ठा तथा जनभागीदारी के माध्यम से ‘विकसित भारत’ और ‘एक भारत-श्रेष्ठ भारत’ के संकल्प को साकार करने में योगदान देने की अपील की।
जय हिंद।

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