दुर्गापूजा और दशहरा पर्व को लेकर प्रशासन अलर्ट, डीएम-एसपी ने पीस कमेटी संग की बैठक
सुल्तानपुर मुख्यमंत्री द्वारा दिये गये निर्देश के क्रम में जिलाधिकारी इंद्रजीत सिंह व पुलिस अधीक्षक विनीत जायसवाल की संयुक्त अध्यक्षता व मुख्य विकास अधिकारी विनय कुमार सिंह की उपस्थिति में आगामी नवरात्रि, दुर्गापूजा एवं दशहरा पर्व को सकुशल, शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में सम्पन्न कराये जाने हेतु नवीन कलेक्ट्रेट सभागार में पीस कमेटी की बैठक आयोजित की गयी।
इस अवसर पर अध्यक्ष नगर पालिका परिषद प्रवीण कुमार अग्रवाल, अपर जिलाधिकारी (प्रशा0) रत्नप्रिया, ज्वाइंट मजिस्ट्रेट अंशुल हिंदल, अपर पुलिस अधीक्षक बृज नारायण सिंह, समस्त एसडीएम, सीओ व केन्द्रीय पूजा समिति/अन्य समितियों के अध्यक्ष व सदस्यगण उपस्थित रहे। बैठक के दौरान डीएम ने कहा कि नवरात्रि, दुर्गापूजा एवं दशहरा जनपद की सामाजिक एवं सांस्कृतिक परंपरा से जुड़े महत्वपूर्ण पर्व हैं। इन पर्वों को आपसी भाईचारे, प्रेम, सद्भाव एवं सामाजिक समरसता के साथ सम्पन्न कराना प्रशासन की प्राथमिकता है। उन्होंने सभी अधिकारियों को निर्देशित किया कि पर्वों के दौरान आमजन को किसी प्रकार की असुविधा न हो तथा कानून-व्यवस्था पूरी तरह सुदृढ़ बनाए रखने के लिए सभी आवश्यक व्यवस्थाएं समय से पूर्ण कर ली जाएं।
डीएम ने संवेदनशील एवं अतिसंवेदनशील क्षेत्रों को चिन्हित कर वहां विशेष सतर्कता बरतने तथा पर्याप्त पुलिस बल की तैनाती सुनिश्चित करने के निर्देश दिए। उन्होंने दुर्गापूजा पंडालों, रामलीला स्थलों एवं अन्य धार्मिक आयोजनों में निर्धारित मानकों का कड़ाई से अनुपालन सुनिश्चित कराने को कहा। आयोजकों के साथ समन्वय स्थापित कर विद्युत सुरक्षा, अग्निशमन व्यवस्था, प्रवेश एवं निकास मार्ग, भीड़ नियंत्रण, पार्किंग तथा सुरक्षा व्यवस्था का पूर्व से निरीक्षण कराने के निर्देश दिए । डीएम ने फायर सेफ्टी, ध्वनि विस्तारक यंत्र/डी.जे., की ध्वनि मानक के अनुरूप रखने, मूर्ति विसर्जन स्थलों पर पब्लिक एड्रेस सिस्टम की व्यवस्था करने, मेडिकल एम्बुलेन्स के लिये ग्रीन कॉरिडोर बनाने, साफ-सफाई, विद्युत सुरक्षा, सड़क सुरक्षा आदि के सम्बन्ध में सभी सम्बन्धित अधिकारियों को आवश्यक व्यवस्था सुनिश्चित करने के सख्त निर्देश दिये। उन्होंने कहा कि दुर्गा पूजा/दशहरा के दृष्टिग्त किसी भी अधिकारी व कर्मचारी को अवकाश नहीं दिया जायेगा। अपर जिलाधिकारी (प्रशासन) ने संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि सभी आयोजन स्थलों पर आवश्यक व्यवस्थाओं की नियमित समीक्षा की जाए तथा संबंधित विभाग आपसी समन्वय के साथ कार्य करें। उन्होंने कहा कि पूजा पंडालों एवं आयोजन स्थलों पर विद्युत तारों की अव्यवस्थित व्यवस्था अथवा खुले तार न रहें, अग्निशमन के पर्याप्त इंतजाम हों तथा भीड़ के दृष्टिगत प्रवेश एवं निकास मार्ग सुचारु रखे जाएं। साथ ही आयोजकों को निर्धारित मानकों एवं प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों से अवगत कराते हुए उनका अनुपालन सुनिश्चित कराया जाए।उन्होंने नगर निकाय एवं संबंधित विभागीय अधिकारियों को निर्देश दिए कि प्रमुख बाजारों, पूजा स्थलों एवं कार्यक्रम स्थलों के आसपास साफ-सफाई, पेयजल, प्रकाश व्यवस्था एवं यातायात प्रबंधन की समुचित व्यवस्था सुनिश्चित की जाए। भीड़भाड़ वाले क्षेत्रों में यातायात व्यवस्था को सुचारु बनाए रखने के लिए आवश्यक रूट डायवर्जन एवं पार्किंग व्यवस्था समय से निर्धारित कर ली जाए। पुलिस अधीक्षक ने कहा कि पर्वों के दौरान कानून-व्यवस्था बनाए रखना पुलिस की सर्वाेच्च प्राथमिकता है। सभी क्षेत्राधिकारी एवं थाना प्रभारी अपने-अपने क्षेत्रों में निरंतर भ्रमण कर स्थिति पर नजर रखें तथा पूजा समिति के पदाधिकारियों, आयोजकों, धर्मगुरुओं एवं स्थानीय नागरिकों के साथ निरंतर संवाद बनाए रखें। उन्होंने कहा कि किसी भी छोटी से छोटी सूचना को गंभीरता से लेते हुए तत्काल आवश्यक कार्रवाई सुनिश्चित की जाए। उन्होंने फायर सेफ्टी और डी.जे. ध्वनि मानक के अनुरूप रखने आदि पर विशेष बल दिया। बैठक में पुलिस क्षेत्राधिकारियों द्वारा अपने-अपने सर्किल क्षेत्रों में थाना प्रभारियों के साथ समन्वय स्थापित कर पीस कमेटी की बैठकें आयोजित किए जाने की जानकारी दी गई। इन बैठकों में स्थानीय जनप्रतिनिधियों, पूजा समितियों के पदाधिकारियों, धर्मगुरुओं, संभ्रांत नागरिकों एवं विभिन्न समुदायों के प्रतिनिधियों से संवाद स्थापित कर पर्वों को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में सम्पन्न कराने के लिए आवश्यक दिशा-निर्देश दिए जा रहे हैं।अधिकारियों ने कहा कि स्थानीय स्तर पर संवाद एवं समन्वय को और अधिक प्रभावी बनाया जाए तथा किसी भी संभावित समस्या की जानकारी समय रहते प्रशासन एवं पुलिस के संज्ञान में लाई जाए, ताकि उसका तत्काल समाधान किया जा सके। बैठक में उपस्थित धर्मगुरुओं एवं पीस कमेटी के सदस्यों से प्रशासन एवं पुलिस अधिकारियों ने विशेष रूप से अपील की कि वे अपने-अपने क्षेत्रों में लोगों को आपसी प्रेम, भाईचारे एवं सौहार्द बनाए रखने के लिए प्रेरित करें। धार्मिक आयोजनों में निर्धारित नियमों एवं प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन सुनिश्चित कराने में सहयोग प्रदान करें। जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक ने सभी संबंधित अधिकारियों को निर्देशित किया कि शांति, सुरक्षा एवं सौहार्द बनाए रखने के लिए आपसी समन्वय के साथ कार्य करें तथा प्रत्येक सूचना पर तत्काल प्रभावी कार्रवाई सुनिश्चित करें। उन्होंने कहा कि जनपद में नवरात्रि, दुर्गापूजा एवं दशहरा सहित सभी पर्वों को शांतिपूर्ण एवं सौहार्दपूर्ण वातावरण में सम्पन्न कराना प्रशासन एवं पुलिस की सर्वाेच्च प्राथमिकता है।बैठक के अंत में जिलाधिकारी एवं पुलिस अधीक्षक ने जनपदवासियों से नवरात्रि, दुर्गापूजा एवं दशहरा पर्व को आपसी प्रेम, भाईचारे एवं सामाजिक सौहार्द के साथ मनाने तथा प्रशासन द्वारा जारी दिशा-निर्देशों का पालन करने की अपील की।



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