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हाईस्कूल पास युवाओं को भी मिलेगा रोजगार, योगी सरकार की ₹1,725 करोड़ की बड़ी पहल


लखनऊ प्रदेश के युवाओं को कौशल प्रशिक्षण से जोड़कर रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने और उत्तर प्रदेश को आत्मनिर्भर बनाने की दिशा में योगी सरकार ने एक बड़ी पहल की है। सीएम योगी आदित्यनाथ ने शनिवार को  ₹1,725 करोड़ की लागत से संचालित होने वाली महत्वाकांक्षी 'सरदार वल्लभभाई पटेल कौशल प्रशिक्षण एवं रोजगार क्षेत्र विकास योजना' के शुभारंभ कार्यक्रम में सहभागिता की।

इस अवसर पर सीएम योगी ने विभिन्न जनकल्याणकारी योजनाओं के लाभार्थियों को चेक एवं टूलकिट वितरित किए, वहीं युवाओं को जॉब ऑफर लेटर भी प्रदान किए।कार्यक्रम को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ ने कहा कि प्रदेश का कोई भी युवा केवल इसलिए रोजगार से वंचित नहीं रहना चाहिए कि उसके पास पर्याप्त कौशल या प्रशिक्षण नहीं है। सरकार युवाओं की रुचि और योग्यता के अनुसार उन्हें प्रशिक्षण उपलब्ध कराने के साथ रोजगार से जोड़ने की व्यवस्थित व्यवस्था तैयार कर रही है। इस योजना का उद्देश्य युवाओं को केवल प्रशिक्षण देना नहीं, बल्कि प्रशिक्षण के बाद उनके लिए रोजगार और प्लेसमेंट की राह भी सुनिश्चित करना है। सीएम योगी ने कहा कि योजना के तहत गोरखपुर, लखनऊ, कानपुर, झांसी और गौतम बुद्ध नगर सहित पांच स्थानों पर सरदार वल्लभभाई पटेल स्किल ट्रेनिंग एंड एम्प्लॉयमेंट जोन विकसित करने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। इन केंद्रों को ऐसे संस्थागत प्लेटफॉर्म के रूप में तैयार किया जाएगा, जहां रोजगार की तलाश में आने वाले युवाओं को उनकी रुचि और क्षमता के अनुरूप प्रशिक्षण दिया जा सकेगा।उन्होंने उदाहरण देते हुए कहा कि यदि कोई युवा हाईस्कूल पास करने के बाद रोजगार की इच्छा लेकर इन केंद्रों पर पहुंचता है, तो उसका सबसे पहले पंजीकरण किया जाएगा। इसके बाद उसकी रुचि के अनुसार कौशल विकास का प्रशिक्षण उपलब्ध कराया जाएगा और प्रशिक्षण पूरा होने पर उसे रोजगार एवं प्लेसमेंट से जोड़ने की व्यवस्था की जाएगी। इससे कम शैक्षिक योग्यता वाले युवाओं के लिए भी रोजगार के नए रास्ते खुलेंगे।मुख्यमंत्री ने कहा कि सरदार वल्लभभाई पटेल कौशल प्रशिक्षण एवं रोजगार क्षेत्र योजना लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल के प्रति श्रद्धा और सम्मान व्यक्त करने का माध्यम है। सरदार पटेल ने देश की आजादी के बाद बिखरी हुई रियासतों को एकजुट कर राष्ट्रीय एकता और अखंडता को मजबूत करने में ऐतिहासिक भूमिका निभाई थी। उनका जीवन और योगदान आज भी प्रत्येक भारतीय के लिए प्रेरणास्रोत है।उन्होंने कहा कि सरदार पटेल के प्रति सच्ची श्रद्धांजलि यही होगी कि हम उनके बताए राष्ट्रीय एकता और अखंडता के मूल्यों को अपने जीवन में अपनाएं। प्रत्येक नागरिक का दायित्व है कि ऐसा कोई कार्य न हो, जिससे देश की एकता कमजोर पड़े या अखंडता को नुकसान पहुंचे। सरकार इस योजना के माध्यम से युवाओं को कौशल, रोजगार और राष्ट्र निर्माण की मुख्यधारा से जोड़ने का प्रयास कर रही है।मुख्यमंत्री ने यह भी घोषणा की कि लौह पुरुष सरदार वल्लभभाई पटेल की स्मृति को जीवंत बनाए रखने और प्रदेश में रोजगार के अवसरों का विस्तार करने के उद्देश्य से प्रत्येक जनपद में एक 'एम्प्लॉयमेंट एंड इंडस्ट्रियल जोन' विकसित करने की दिशा में कार्यवाही शुरू की जाएगी। इसके माध्यम से स्थानीय स्तर पर औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा देने, युवाओं को प्रशिक्षण देने और उन्हें रोजगार से जोड़ने का प्रयास होगा।उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार युवाओं के कौशल विकास और रोजगार सृजन को प्राथमिकता दे रही है। सरकार का लक्ष्य है कि प्रदेश का युवा अपनी क्षमता और प्रतिभा के अनुरूप अवसर प्राप्त करे तथा उसे रोजगार की तलाश में भटकना न पड़े। कौशल प्रशिक्षण एवं रोजगार क्षेत्र के माध्यम से युवाओं को एक ही स्थान पर पंजीकरण, प्रशिक्षण और प्लेसमेंट की सुविधा उपलब्ध कराने की दिशा में ठोस कदम उठाए जा रहे हैं।मुख्यमंत्री ने विश्वास जताया कि ₹1,725 करोड़ की यह महत्वाकांक्षी योजना उत्तर प्रदेश में कौशल विकास और रोजगार सृजन को नई गति प्रदान करेगी। इससे युवाओं को आत्मनिर्भर बनने का अवसर मिलेगा और प्रदेश को आत्मनिर्भर उत्तर प्रदेश बनाने के संकल्प को मजबूती मिलेगी।

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